विधानसभा भवन , कांस्टीट्यूशन क्लब ऑफ़ राजस्थान और राजकीय आवास पर राष्ट्रीय ध्वज फहराएँगे
गोपेन्द्र नाथ भट्ट
जयपुर : राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष वासुदेव देवनानी सोमवार को प्रातः 8:45 बजे जयपुर स्थित अमर जवान ज्योति पर पुष्प चक्र अर्पित कर देश के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर देवनानी प्रातः 8:15 बजे राजस्थान विधानसभा परिसर और 9:00 बजे कॉन्स्टीट्यूशन क्लब, में राष्ट्रीय ध्वज फहराएँगे तथा सलामी गारद का निरीक्षण करेंगे। इस अवसर पर वे उपस्थित विधायक गण, पूर्व विधायकगण, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देंगे। स्पीकर देवनानी सिविल लाइंस स्थित अपने राजकीय आवास पर भी प्रातः 7:40 बजे राष्ट्रीय ध्वज फहराएँगे।
देवनानी जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में आयोजित राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह में भी भाग लेंगे । इस समारोह में राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े राष्ट्रीय ध्वज फहराएँगे। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और अन्य विशिष्ट अतिथि भी समारोह में शामिल होंगे ।
संविधान के आदर्शों से सशक्त भारत का निर्माण करें – देवनानी
वासुदेव देवनानी ने 77वें गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस हमारे संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्र की एकता,अखंडता के प्रति निष्ठा का प्रतीक है। यह दिन हमें स्वतंत्रता सेनानियों, संविधान निर्माताओं और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाले महापुरुषों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर देता है।
देवनानी ने कहा कि संविधान ने हमें समानता, न्याय, स्वतंत्रता और बंधुत्व का मार्ग दिखाया है। इन्हीं आदर्शों पर चलकर हम सशक्त, आत्मनिर्भर और विकसित भारत का निर्माण कर सकते हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे संविधान के मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करें और राष्ट्र सेवा को अपना सर्वोच्च कर्तव्य मानें।
उन्होंने कहा कि अतीत के गौरव से प्रेरणा लेकर हमें राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य का निर्माण करना है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और संविधान निर्माताओं की जीवन गाथाएं केवल इतिहास नहीं, बल्कि साहस, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की जीवंत पाठशाला हैं। इन आदर्शों को घर-घर तक पहुँचाना ही सच्ची राष्ट्रभक्ति है।
देवनानी ने कहा कि “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ प्रत्येक नागरिक को अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए। वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए हमें देश की एकता, सुरक्षा और संप्रभुता के प्रति सदैव सजग रहना होगा।





