जयपुर में सैलून इंडस्ट्री का महाकुंभ, 5,000 से ज्यादा सैलून मालिकों ने दिखाई एकजुटता की ताकत

Mahakumbh of salon industry in Jaipur, more than 5,000 salon owners showed the power of unity

मुंबई (अनिल बेदाग): भारतीय हेयर एंड ब्यूटी इंडस्ट्री के लिए जयपुर में आयोजित इंडियन हेयर एंड ब्यूटी कांफ्रेंस एक ऐतिहासिक आयोजन बनकर सामने आया। केटी ने हेयर & ब्यूटी फेडरेशन के सहयोग से 6 अक्टूबर 2026 को जयपुर एक्सहिबीशन एंड कन्वेशन सेंटर में इस भव्य सम्मेलन का आयोजन किया, जिसमें देशभर के 18 राज्यों और 50 से अधिक शहरों से 5,000 से ज्यादा सैलून मालिकों ने हिस्सा लिया। केटी के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ ध्रुव सयानी के नेतृत्व में आयोजित इस सम्मेलन को भारतीय सैलून जगत को एक साझा राष्ट्रीय मंच पर लाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना गया।

राजस्थान के माननीय राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने सम्मेलन का उद्घाटन किया, जबकि राजस्थान की उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी शाम के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। ‘मेक इन इंडिया’ और ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना के साथ वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि भारतीय कंपनियों में अंतरराष्ट्रीय बाजार में प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता है। इसके लिए जरूरी है कि देश के सैलून मालिक स्थानीय उत्पादों को अपनाएं और भारतीय ब्रांड्स के साथ मजबूत व्यावसायिक साझेदारी विकसित करें।

केटी के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ ध्रुव सयानी ने सम्मेलन को सैलून इंडस्ट्री की एकजुटता के लिए ऐतिहासिक अवसर बताते हुए कहा, “इतनी बड़ी संख्या में सैलून समुदाय का एक मंच पर आना भारतीय हेयर एंड ब्यूटी इंडस्ट्री की सामूहिक ताकत को दर्शाता है। यह एकजुटता केवल एक आयोजन तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसे निरंतर सहयोग, मजबूत कारोबार और भारतीय प्रोफेशनल ब्रांड्स के प्रति बढ़ते विश्वास में बदलना चाहिए।”

ध्रुव सयानी ने भारतीय सैलून उद्योग से केटी सहित देश में विकसित हो रहे गुणवत्तापूर्ण ब्रांड्स को समर्थन देने की अपील की। उन्होंने ऐसी साझेदारी की परिकल्पना सामने रखी, जिसमें उत्पादों की गुणवत्ता, प्रोफेशनल ट्रेनिंग, शिक्षा और व्यावसायिक विकास को समान महत्व मिले। उनका मानना है कि ब्रांड्स की सफलता और सैलून कारोबार की प्रगति एक-दूसरे से जुड़ी हुई हैं।”

कौशल विकास और रोजगार पर विशेष जोर
राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े के संबोधन में भारतीय उद्यमिता, व्यावसायिक कौशल और स्वदेशी ब्रांड्स की वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता का महत्व सामने आया। वहीं, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने ब्यूटी एवं सैलून क्षेत्र के माध्यम से रोजगार, उद्यमिता और पेशेवर अवसरों के विस्तार की अहमियत को रेखांकित किया। उनके संबोधन में कौशल विकास, महिलाओं की भागीदारी और भारतीय व्यवसायों की प्रगति जैसे विषय प्रमुख रहे।

सम्मेलन में इस बात पर भी जोर दिया गया कि सैलून उद्योग से जुड़े उद्यमियों और पेशेवरों को सरकारी योजनाओं तथा कौशल विकास से संबंधित अवसरों की जानकारी मिलनी चाहिए। इससे छोटे और बड़े सैलून कारोबारों को अपनी क्षमताएं बढ़ाने, सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने और बदलते बाजार के अनुरूप आगे बढ़ने में मदद मिल सकती है।