महाकुंभ में आस्था के साथ सियासत की बात

Talk of politics along with faith in Maha Kumbh

अजय कुमार

लखनऊ : कुछ माह पूर्व कावड़ यात्रा के दौरान यात्रा मार्ग पर कुछ मुसलमान दुकानदारों द्वारा अपनी पहचान छिपा कर हिन्दू देवी-देवताओं की फोटो और हिन्दू नामों का जो इस्तेमाल करके भ्रम की स्थिति पैदा की गई थी उसके बाद योगी सरकार द्वारा दुकानदारों को नेम प्लेट लगाने का जो आदेश दिया गया था उसको लेकर सियासत ठंडी नहीं पड़ी थी कि महाकुंभ से भी मुस्लिम दुकानदारों को दूर रखने की मांग के चलते बीजेंपी और विपक्षी नेताओं के बीच तलवारें खिंच गई हैं। कहा यह जा रहा है कि विधानसभा उपचुनाव में सीएम योगी द्वारा दिए गए बंटोगे तो कटोगे नारे का जादू चल जाने के बाद इसी तर्ज पर प्रदेश सरकार अब महाकुंभ की ब्रांडिंग की तैयारी में जुटी है। गत दिवस 29 नवंबर को मुख्यमंत्री आवास पर मंत्रियों की बैठक में सीएम ने सभी मंत्रियों को दूसरे प्रदेशों में जाकर महाकुंभ की ब्रांडिंग करने का टास्क दिया है। इससे साफ है कि सरकार महाकुंभ के आयोजन के जरिये देशभर में आध्यात्मिक अलख जगा कर बिखरे हिंदू समाज को एकजुट करने का माहौल तैयार करेगी।

मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को दूसरे राज्यों में जाकर महाकुंभ का प्रचार-प्रसार करने को कहा है। इसके लिए मंत्रियों को रोड शो करने के साथ ही मीडिया के सामने महाकुंभ के आयोजन में श्रद्धालुओं को दी जाने वाली सुविधाओं समेत अन्य खास बातें बताने के लिए भी कहा गया है। इसके अलावा महाकुंभ का प्रचार करने के लिए कुछ चुनिंदा मंत्रियों को विदेश भी भेजा जाएगा। मुख्यमंत्री ने मंत्रियों से कहा कि सभी प्रदेशों की राजधानी में रोड शो करने के साथ ही वहां के राज्यपाल और मुख्यमंत्रियों से मिलकर महाकुंभ में आने का निमंत्रण दिया जाएगा। यही नहीं, रोड शो और छोटी-छोटी सभाओं में यूपी में कानून के राज और अपराधियों के खिलाफ अभियानों के बारे में जानकारी दी जाएगी।