औरंगजेब के दौर की कहानी को पर्दे पर उतारेंगे निर्माता-निर्देशक अजय राम

Producer-director Ajay Ram will bring the story of Aurangzeb's era on screen.

मुंबई (अनिल बेदाग): इतिहास की पृष्ठभूमि, दिल को छू लेने वाला संगीत और दमदार कलाकारों की मौजूदगी—इन सबके मेल से हिंदी फिल्म ‘मुगलों की मीरा’ को लेकर उत्सुकता बढ़ने लगी है। सी. आर. फिल्म्स और पीएसके फिल्म्स के बैनर तले बन रही इस फिल्म के दो गानों की रिकॉर्डिंग मुंबई के गीत ऑडियोक्राफ्ट स्टूडियो में पूरी हो गई है। इसके साथ ही फिल्म के संगीत पक्ष ने आकार लेना शुरू कर दिया है।

फिल्म के निर्माता-निर्देशक अजय राम इस प्रोजेक्ट को लेकर उत्साहित हैं। संगीतकार आसिफ-इकबाल और गीतकार जमील अहमद के रचनात्मक तालमेल से तैयार किए गए दोनों गानों को गायिका शिखा जोशी और गौरी मिश्रा ने अपनी आवाज़ दी है। इन गानों के जरिए फिल्म की भावनात्मक दुनिया और कहानी के मिजाज को संगीत के माध्यम से सामने लाने की तैयारी है।

‘मुगलों की मीरा’ की कहानी औरंगजेब के दौर की पृष्ठभूमि पर केंद्रित है। ऐसे ऐतिहासिक परिवेश में कहानी को पर्दे पर प्रस्तुत करना फिल्म के लिए खास आकर्षण बन सकता है। फिल्म की कहानी सग्रिला वी. कहार ने लिखी है, जबकि अजय राम इसके निर्माता और निर्देशक हैं। सह-निर्माता सीए राकेश वर्ष्णेय हैं, जो श्री सनातन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं।

फिल्म की विषयवस्तु और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि को देखते हुए दर्शकों की दिलचस्पी इस बात में रहेगी कि कहानी किस अंदाज में आगे बढ़ती है और इसके पात्र किस तरह उस दौर की परिस्थितियों को जीवंत करते हैं।

कलाकारों की मजबूत मौजूदगी
फिल्म में आयुषी तिवारी, शिवा, हेमंत बिरजे, शिल्पा मोहिले, शुभांगी शर्मा, गौरव सिंह और परी सिंह सहित कई कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। कलाकारों की यह टीम फिल्म की कहानी को प्रभावशाली बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

फिल्म के दो गानों की रिकॉर्डिंग पूरी होना इसके निर्माण की दिशा में एक अहम पड़ाव है। गायिका शिखा जोशी और गौरी मिश्रा की आवाज़, आसिफ-इकबाल का संगीत और जमील अहमद के गीत इस प्रोजेक्ट के संगीत पक्ष को खास पहचान देने की उम्मीद जगाते हैं।
फिलहाल, गानों की रिकॉर्डिंग पूरी होने के बाद फिल्म से जुड़ी तैयारियां आगे बढ़ रही हैं। अब दर्शकों को ‘मुगलों की मीरा’ के अगले अपडेट और इसके संगीत की झलक का इंतजार रहेगा।