टीएमयू कैंपस में दिव्यघोष के बीच निकली भव्य और दिव्य श्रीजी की रथ यात्रा

A grand and divine chariot procession of Shriji was taken out amidst the sounds of *Divyaghosh* on the TMU campus

  • परम पूज्य आचार्य श्री 108 भद्रबाहु सागर जी महाराज एवम् पूज्य क्षुल्लक श्री 105 वृषभ सागर जी महाराज का मिला मंगल सान्निध्य
  • कुलाधिपति श्री सुरेश जैन बने आकर्षण का केंद्र, ऐरावत हाथी पर विराजमान होकर की श्रीजी की मंगल आरती
  • फर्स्ट लेडी श्रीमती वीना जैन , ग्रुप वाइस चेयरमैन श्री मनीष जैन,श्रीमती ऋचा जैन, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर श्री अक्षत जैन,श्रीमती जाह्नवी जैन एवम् सुश्री नंदनी जी की भी रही उल्लेखनीय उपस्थिति

रविवार दिल्ली नेटवर्क

पर्वाधिराज दसलक्षण महापर्व-2026 के समापन अवसर पर परम पूज्य आचार्य श्री 108 भद्रबाहु सागर जी महाराज एवम् पूज्य क्षुल्लक श्री 105 वृषभ सागर जी महाराज के मंगल सान्निध्य में तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी परिसर में श्रीजी की भव्य रथ यात्रा का आयोजन किया गया। तत्पश्चात रथ के सन्मुख पूजन और शांतियज्ञ हुआ।‌ गाजे-बाजे सहित श्रीजी को रथ में विराजमान किया गया । सौधर्म इंद्र के रूप में श्रीजी को रथ में विराजमान करने का सौभाग्य सौम्य दोषी को प्राप्त हुआ। साथ ही चार मुख्य इंद्र बनने का सौभाग्य छात्र प्रियांशु, संभव, दर्शिल और प्रणय जैन को मिलाl कुमार आदित्य जैन रथ में सारथी के रूप में आसीन हुए, एवम् श्री रत्नेश जैन ने कुबेर इंद्र बनकर रत्नों की वृष्टि की l

श्रीजी रथ के सम्मुख दिव्यघोष और ऐरावत हाथी की उपस्थिति के बीच विशाल शोभा यात्रा के दौरान विद्यार्थियों ने पूरे मार्ग में सुन्दर भक्तिभाव नृत्य किए। पूरे परिसर मे श्रीजी का रध अभूतपूर्व भक्ति नृत्य के साथ भ्रमण कर कुलाधिपति कार्यालय के सन्मुख विराजमान हुआ, कार्यक्रम अभूतपूर्व हो गया, जब कुलाधिपति श्री सुरेश जैन ने ऐरावत हाथी पर विराजमान होकर श्रीजी की मंगल आरती की। फर्स्ट लेडी श्रीमती वीना जैन, ग्रुप वाइस चेयरमैन श्री मनीष जैन,श्रीमती ऋचा जैन, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर श्री अक्षत जैन,श्रीमती जाह्नवी जैन एवम् सुश्री नंदनी जैन सहित विश्वविद्यालय परिवार से फैकल्टी सदस्य और विद्यार्थी भी श्रीजी की मंगल आरती में शामिल रहे। जहां समस्त टीएमयू जिनालय परिवार, मुरादाबाद और आसपास के क्षेत्रों के सधर्मीगण हजारों की संख्या में उपस्थित रहे और श्रीजी की मंगलमय भक्ति की अंततः श्रीजी का रथ रिद्धि सिद्धि भवन में आगमन हुआ। जहां पूज्य मुनि संघ के पावन सान्निध्य में कुलपति प्रो. वीके जैन, अंकित जैन , डॉ. पुनीत जैन और छात्र शिवम् जैन ने स्वर्ण कलशों से श्रीजी का अभिषेक करके पुण्यार्जन किया l सौम्य, प्रयास, विनायक और सार्थक जैन को स्वर्ण झारी से शांतिधारा करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ| उपस्थित जन समूह को पूज्य आचार्य श्री मंगल प्रवचनों का लाभ प्राप्त हुआ। रत्नत्रय माला पहनने का सौभाग्य श्रीमती सुषमा जैन परिवार, मुरादाबाद को प्राप्त हुआ। समस्त पूजन कार्यक्रम पंडित श्री ऋषभ जी शास्त्री शिखरजी के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुए | कार्यक्रम में पश्चात् सभी साधर्मियों हेतु वात्सल्य भोज का आयोजन किया गया l यह दसलक्षण पर्व हम सभी के जीवन को धर्म के दस लक्षणों की सुगंधि से सुगंधित करे, इसी भावना के साथ…जय जिनेन्द्र… उत्तम क्षमा।