भारतीय महिला हॉकी टीम कड़े संघर्ष के बाद दूसरे चरण के पहले मैच में नीदरलैंड से हारी

The Indian women's hockey team lost to the Netherlands in the first match of the second phase after a tough contest

नवनीत कौर के दो शॉट को गोलरक्षक एनी ने रोक भारत को बराबरी से रोका

सत्येन्द्र पाल सिंह

एम्सतलवीन (नीदरलैंड) : यिबी यानसन और फ्रेडरिक माल्टा पेनल्टी कॉर्नर दागे एक एक गोल की बदौलत अपने तीनों मैच जीत कर तीन अंको के दूसरे चरण में पहुंची दुनिया की नंबर एक टीम ओलंपिक चैंपियन नीदरलैंड ने गजब का जीवट दिखाने वाले भारत को पूल ई में यहां दूसरे चरण में 2-0 से हरा कर शुक्रवार 16 वें एफआईएच महिला हॉकी विश्व कप के सेमीफाइनल में स्थान बनाने का मजबूत दावा पेश किया। भारत की टीम हारी जरूरी लेकिन उसने नीदरलैंड को इस जीत के लिए पसीना बहाने पर मजबूर जरूर किया।चीन को पूल डी में बराबरी पर रोक एक अंक के साथ दूसरे चरण में पहुंचे भारत की इस हार से आगे बहुत मुश्किल हो गई है लेकिन तकनीकी रूप से वह अभी बाहर नहीं हुआ है।

चीन को आस्ट्रेलिया ने इसी पूल में एक एक की बराबरी पर रोक दिया। भारत के चीफ कोच शुएर्ड मराइन और नीदरलैंड के चीफ कोच राउल अर्न दोनों बचपन के दोस्त और बिजनेस पार्टनर है। इस मैच में दो दोस्त हॉकी उस्ताद भारत के मराइन और नीदरलैंड के अर्न की रणनीति कसौटी पर थी। इसमें भले ही अर्न की टीम कसौटी पर खरी उतरी लेकिन भारतीय लड़कियों ने संभवत: अपना इस विश्व कप का सबसे बेहतरीन खेल दिखाया हालांकि यह भी उसके काम नहीं आया। भारत की कप्तान सेंटर हाफ सलीमा टेटे, मध्यपंक्ति नेहा, सुनीलिता टोपो ने आगे अग्रिम पंक्ति नवनीत कौर, ललरेमसियामी और दीपिका के लिए गेंद बढ़ाई और उन्होंने नीदरलैंड के गोल पर हमले भी बोले। नवनीत कौर के डी के भीतर दो शॉट को जैसे नीदरलैंड की गोलरक्षक वीननडल ने न रोका होता तो भारत यह मैच ड्रॉ करा सकता था। नीदरलैंड को आठ पेनल्टी कॉर्नर मिले और इसमें उसने पहले व चौथे को गोल में बदला। भारत को दो पेनल्टी कॉर्नर मिले लेकिन दोनों बेकार गए।

भारत की नेहा को मैच के खत्म होने से 30 सेकंड पहले रफ खेल परहरा कार्ड दिखाया और इस नीदरलैंड को आखिरी पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन सविता ने रोक कर बेकार कर दिया। नीदरलैंड ने तीसरे मिनट में यिबी यानसन के ड्रैग फ्लिक पर दागे गोल से मेजबान नीदरलैंड का खाता खोला। नीदरलैंड को इसके बाद दो और पेनल्टी कॉर्नर मिले लेकिन इन पर भारत की गोलरक्षक बिच्छू देवी खरीबम ने इन पर बेहतरीन बचाव कर नीदरलैंड को अपनी बढ़त बढ़ाने से रोका। भारत की के कप्तान सलीमा टेटे ने धैर्य दिखा कर नवनीत कौर, ललरेमसियामी व ऋतुजा डडासो पिसल के लिए गेंद बढ़ाई दूसरे क्वॉर्टर के शुरू में भारत ने दो पेनल्टी कॉर्नर हासिल किए लेकिन नीदरलैंड की गोलरक्षक वीननडेल ने अच्छे बचाव किए। ललरेमसियामी के पास नवनीत ने डी के ठीक उपर से तेज शॉट जमाया लेकिन गोल गोलरक्षक एन वीडराल के पैड को लगकर बाहर निकल गई। भारत की अनुभवी गोलरक्षक सविता ने दूसरे क्वॉर्टर में अच्छे बचाव किए और नीदरलैंड को दूसरे क्वॉर्टर में अपनी बढ़त नहीं बढ़ाने दी। मैच में पहला क्वॉर्टर नीदरलैंड का और दूसरा क्ववॉर्टर भारत का रहा। भारत की नवनीत कौर का पेनल्टी कॉर्नर पर जमीनी शॉट और डी के उपर से लगाए शॉट पर गेंद नीदरलैंड के गोल के उपर से नहीं जाती तो भारत की महिला हॉकी टीम एक एक की बराबरी कर सकती थी।

नीदरलैंड को मैच के 33 वें मिनट में मैच का तीसरा पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन इस पर भारत की रशर ज्योति ने अच्छा पूर्वानुमान लगाकर इसे रोक अपनी टीम पर आया खतरा टाला। अगले मिनट ललरेमसियामी ने दाएं से तेज स्लैप शॉट लगाया और गेंद को बाएं नीदरलैंड की डी में सुनीलिता टोपो ने संभाल तेज शॉट जमाया लेकिन नीदरल की गोलरक्षक एनी विडरल ने रोक कर भारत को बराबरी पाने से रोका। फ्रेडरिक माल्टा ने तीसरेक्वॉर्टर के नौवें मिनट में चौथे पेनल्टी कॉर्नर गोल कर नीदरलैंड को 2-0 से आगे कर दिया। नवनीत कौर ने खेल खत्म होने से करीब पांच मिनट पहले डी में पहुंच तेज शॉट जमाया लेकिन नीदरलैंड की गोलरक्षक उनी वीननडल ने इसे रोक कर बेकार किया।