भारतीय महिला क्रिकेट की निगाहें बांग्लादेश को हरा एशियाई खेलों के फाइनल में स्थान बनाने पर

Indian women's cricket team eyes a spot in the Asian Games final by defeating Bangladesh

भारत की जीत का दारोमदार शैफाली की तेज पारी, श्रीचारिणी की स्पिन पर

सत्येन्द्र पाल सिंह

नई दिल्ली : रंग में चल रही अपनी विस्फोटक ओपनर शैफाली वर्मा से एक और आतिशी पारी तथा अपनी तुरुप की बाएं हाथ की स्पिनर श्रीचारिणी के स्पिन के जादू की आस के साथ मौजूदा चैंपियन भारतीय महिला टीम रविवार को बांग्लादेश से एशियाई खेलों में टी 20 महिला क्रिकेट का सेमीफाइनल भी जीत कर खिताब बरकरार रखने की ओर एक और कदम बढ़ाने उतरेगी। शैफाली वर्मा के अर्द्धशतकों से भारत ने बांग्लादेश को दुबई में दस दिन पहले एशिया कप के सेमीफाइनल और 40 रन से और जून में आईसीसी टी 20 महिला क्रिकेट मैच में मैनचेस्टर में ग्रुप 1 के मैच में पांच विकेट से हराया था। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने बांग्लादेश से अपने पिछले पांचों मैच जीते और वह उसके खिलाफ जीत के साथ अपनी श्रेष्ठता साबित करने उतरेगी। भारत महिला टीम ने एशिया कप सेमीफाइनल में बांग्लादेश के खिलाफ पांच कैच टपकाए थे। ऐसे में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कोशिश हर कैच को लपक अपनी गेंदबाजों की मदद कर बांग्लादेशको सस्ते में आउट करने की रहेगी। वहीं बांग्लादेश ने शैफाली वर्मा के तीन कैच सहित आधा दर्जन कैच टपकाए थे। शैफाली वर्मा को बेशक टी 20 एशिया कप सेमीफाइनल में दुबई में तीन जीवनदान मिले लेकिन कहावत है कि किस्मत बहादुरों का साथ देती है और किस्मत ने उनका साथ दिया भी। शैफाली मैच की स्थिति कुछ भी हो अपने चिर परिचित आक्रामक अंदाज में ही बल्लेबाजी करती हैं क्योंकि उनकी बल्लेबाजी का दर्शन है ‘आक्रामक ही सर्वश्रेष्ठ रक्षण है‘।

अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में तीनों फॉर्मेट को मिला कर दुनिया में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली भारत की ओपनर स्मृति मंधाना भी अपनी सलामी जोड़ीदार शैफाली का अनुकरण करते हुए उनकी तरह बांग्लादेश के खिलाफ रविवार को सेमीफाइनल में बड़ी पारी खेलने को बेताब होंगी। स्मृति मंधाना बदकिस्मती से बांग्लादेश के खिलाफ पिछले दो मैच पहले टी 20 विश्व कप में मात्र 8 और एशिया कप में मात्र 2 रन बनाकर सस्ते में आउट हो गई थी। वहीं शैफाली वर्मा दोनों ही मैचों में अर्द्धशतक जड़ भारत को जिता कर मैच की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी रही थी ।

भारत ने जापान के खिलाफ शुक्रवार को क्वॉर्टर फाइनल में जी स्मृति की जगह जी कमलिनी से पारी का आगाज कराने के साथ भारती फूलमाली को तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए भेजा था। बेशक भारतीय महिला टीम बांग्लादेश पर बराबर भारी पड़ी है। अब निशिन में रविवार को भारतीय महिला टीम एशियाई खेलों के सेमीफाइनल में इस तरह के किसी भी प्रयोग से गुरेज कर पूरी मजबूत टीम के साथ उतर इसे हर हाल में जीत कर फाइनल में स्थान बनाने उतरेगी। भारत ने भारती फूलमाली को पहले एशिया कप अब जापान में एशियाई खेलों में पहले मैच में जापान के खिलाफ मौका दिया लेकिन वह इसे भुनाने में नाकाम रही। कमलिनी भी मौके को नहीं भुना सकी है। ऐसे में बहुत मुमकिन है की ऑलराउंडर फूलमाली की जगह भारतीय महिला टीम बाएं हाथ की स्पिनर राधा यादव को बांग्लादेश के खिलाफ सेमीफाइनल में श्रीचारिणी, दीप्ति शर्मा, श्रेयंका पाटील, शैफाली वर्मा की स्पिन चौकड़ी के साथ और जी कमलिनी की जगह तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर अरुंधति रेड्डी को एकादश में शामिल कर सकती है। बांग्लादेश की कमजोर कड़ी उसकी लड़खड़ाती बल्लेबाजी है। बांग्लादेश की बल्लेबाजी उसकी कप्तान विकेटकीपर बैटर निगार सुल्ताना ,शोभना मिस्त्री,दिलारा अख्तर और ऑलराउंडर ऋतु मोनी व राबया खान पर निर्भर है। बांग्लादेश की भारत के खिलाफ हाल ही की हार का सबसे बड़ा कारण उसकी बल्लेबाजी इकाई के रूप में नाकामी है। भारत की कोशिश अपनी स्पिनरों और नवोदित तेज गेंदबाज नंदिनी शर्मा और क्रांति गौड़ के बूते एक बार फिर पस्त कर बड़ा स्कोर बनाने से रोकने और उसका पीछा करने से रोक कर जीत दर्ज करने की रहेगी।

हरमनप्रीत कौर की अगुआई में भारत ने दरअसल शैफाली और स्मृति की सलामी जोड़ी और श्रीचारिणी सहित अपनी स्पिनरों के स्पिन के जाल और तेज गेंदबाज नंदिनी शर्मा और क्रांति गौड़ की गेंद से रफ्तार के साथ धार की बदौलत हाल ही में टी 20 एशिया कप जीता । बावजूद इसके चोट के चलते बाहर चल रही जेमिमा रॉड्रिग्ज की गैरमौजूदगी में कप्तान हरमनप्रीत कौर, भारती फूलमाली, ऋचा घोष और दीप्ति शर्मा सहित उसका मध्यक्रम अभी भी रनों के लिए जूझ रहा है। भारती फूलमाली और कमलिनी का बल्लेबाजी क्रम बदल कर उन्हें एशियाई खेलों में जापान के खिलाफ पहले मैच में मौका देने का मकसद ही अपनी ‘दूसरी पंक्ति’ को आजमाना था। भारतीय महिला क्रिकेट टीम अपने पिछले लगातार पांच जीत चुकी है और इस जीत के सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए भारतीय महिला क्रिकेट टीम बेशक खिताब बरकरार रखने के और करीब पहुंचने को बेताब होगी। भारत की शैफाली वर्मा, स्मृति मंधाना, कप्तान हरमनप्रीत कौर, दीप्ति शर्मा और ऋचा घोष जैसी बैटर को बांग्लादेश की तेज गेंदबाज मारुफा अख्तर और लेग स्पिनर फाहिमा खातून के खिलाफ चौकस रह बल्लेबाजी करनी होगी क्योंकि बेवजह इनके खिलाफ आक्रामक तेवर दिखा विकेट गंवाना कोई समझदारी नहीं होगा।