टीएमयू में मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज पर नेशनल कॉन्फ्रेंस 14 से, जुटेंगे प्रख्यात विशेषज्ञ

National Conference on Materials and Devices to be held at TMU from 14th; Eminent experts to gather

रविवार दिल्ली नेटवर्क

तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज के राष्ट्रीय सम्मेलन -एनसीएमडी 2026 में ऊर्जा सामग्री सुपरकैपेसिटर ,उन्नत सेंसर के संग संग नैनो टेक्नोलॉजी, ऑप्टिकल मैटेरियल्स, आयन- मैटर इंटरैक्शन ,बायोमेडिकल एप्लिकेशन जैसे समसामयिक विषयों पर होगा मंथन

तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज- एनसीएमडी 2026 का छठां दो दिनी राष्ट्रीय सम्मेलन 14 और 15 अप्रैल होगा। यह सम्मेलन मैटेरियल साइंस एवं डिवाइस टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में कार्य कर रहे प्रोफेसरों वैज्ञानिकों शोधकर्ताओं इंजीनियरों एवम् उद्योग प्रतिनिधियों को एक साझा मंच प्रदान करेगा, जहां वे अपने नवीनतम शोध कार्य विचार और तकनीकी नवाचार प्रस्तुत कर सकेंगे। सम्मेलन का शुभारंभ टीएमयू के कुलपति प्रो. वीके जैन की गरिमामयी उपस्थिति में होगा। मुख्य अतिथि के रूप में नेशनल रिमोट सेंसिंग सेंटर हैदराबाद के निदेशक प्रो. प्रकाश चौहान और विशिष्ट अतिथि के रूप में इलेक्ट्रॉनिक्स सर्विस एंड ट्रेनिंग सेंटर नैनीताल के प्रिंसिपल डायरेक्टर श्री दिनेश चंद्रा उपस्थित रहेंगे। यह सम्मेलन फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन एवम् कॉन्फ्रेंस चेयर प्रो. आरके द्विवेदी के मार्गदर्शन में हो रहा है। डॉ. डिप्टोनिल बनर्जी एवम् डॉ. पराग अग्रवाल- संयोजक और डॉ. पवन कुमार सिंह- सह-संयोजक की भूमिका में हैं।

सम्मेलन में प्रमुख कीनोट वक्ताओं में लखनऊ यूनिवर्सिटी से प्रो. सतेन्द्र पाल सिंह और जादवपुर यूनिवर्सिटी से प्रो. कल्याण के. चट्टोपाध्याय शामिल हैं। ये विद्वान ऊर्जा सामग्री सुपरकैपेसिटर ,उन्नत सेंसर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार साझा करेंगे। इसके अतिरिक्त आमंत्रित वक्ताओं के रूप में प्रो. अनुज कुमार, डॉ. प्रवीन कुमार, प्रो. शिव कुमार चक्रवर्ती, डॉ. बिस्वजीत साहा सहित कुल 11 हस्तियां शामिल हैं। ये वक्ता नैनोटेक्नोलॉजी, ऑप्टिकल मैटेरियल्स, आयन- मैटर इंटरैक्शन ,बायोमेडिकल एप्लिकेशन जैसे समसामयिक विषयों पर अपने विचार व्यक्त करेंगे। सम्मेलन में कुल 160 शोध प्रस्तुत होंगे, जबकि 35 पोस्टर्स प्रेजेंट किए जाएंगे। यह विविध प्रस्तुतियां शोधार्थियों एवं विशेषज्ञों के बीच ज्ञान-विनिमय और नवाचार को प्रोत्साहित करेंगी। देश के विभिन्न राज्यों जैसे उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान, त्रिपुरा आदि से प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता इस सम्मेलन को व्यापक स्वरूप प्रदान कर रही है।