श्री मद्महेश्वर मंदिर के कपाट विधि-विधान से खुले

The doors of Shri Madmaheshwar Temple were opened with due rituals

रविवार दिल्ली नेटवर्क

देहरादून : पंच केदारों में द्वितीय केदार के रूप में विख्यात भगवान श्री मद्महेश्वर मंदिर के कपाट श्रद्धा, आस्था एवं सनातन परंपराओं के मध्य विधि-विधान के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए हैं। कपाटोद्घाटन के पावन अवसर पर पूरा धाम “हर-हर महादेव” और भगवान मद्महेश्वर के जयकारों से गुंजायमान हो उठा।

भगवान मद्महेश्वर की उत्सव डोली प्रातः गौण्डार गाँव से पारंपरिक धार्मिक रीति-रिवाजों एवं भक्तिमय वातावरण के बीच धाम के लिए रवाना हुई। प्रातः लगभग 10:45 बजे उत्सव डोली मद्महेश्वर धाम पहुंची। जहां मंदिर परिसर में वैदिक मंत्रोच्चारण, विशेष पूजा-अर्चना एवं धार्मिक अनुष्ठानों के साथ कपाट खोलने की प्रक्रिया प्रारंभ की गई।

मुख्य पुजारी श्री शिव शंकर लिंग सहित वेदपाठियों द्वारा पूजा संपन्न कराने के साथ ही लगभग 11 बजे मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले गए। इस दौरान उपस्थित लगभग 1,135 श्रद्धालुओं ने भगवान मद्महेश्वर के प्रथम दर्शन कर पुण्य लाभ प्राप्त किया तथा देश एवं प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और कल्याण की कामना की।

कपाटोद्घाटन अवसर पर मंदिर समिति एवं प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं की सुरक्षा, आवागमन एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को पुख्ता किया गया था। यात्रा मार्ग पर भी श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु व्यापक प्रबंध किए गए हैं।

हिमालय की गोद में स्थित श्री मद्महेश्वर धाम अपनी दिव्यता, आध्यात्मिक आभा एवं प्राकृतिक सौंदर्य के लिए विशेष पहचान रखता है। कपाट खुलने के साथ ही अब यहां देश-विदेश से श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला प्रारंभ हो गया है।