सत्येन्द्र पाल सिंह
नई दिल्ली : हड़बड़ी में परग्वे के डिफेंडर डैमियन बोबाडिला के सातवें मिनट में किए ‘आत्मघाती’ गोल के उपहार से बढ़त लेने के बाद फ्लोरियन बालोगन के पहले हाफ में दागे दो और जियोवनी रेना के इंजुरी टाइम में दागे एक गोल की बदौलत मेजबान अमेरिका ने पराग्वे को लॉस एंजेल्स स्टेडियम में फीफा विश्व कप फुटबॉल के ग्रुप डी मैच में भारतीय समयानुसार शनिवार सुबह 4-1 से हराकर अपने अभियान का बेहद दमदार आगाज किया। अमेरिका पहले मैच में मिली दमदार जीत के अब ग्रुप डी में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पूरे विश्वास से उतरेगा। पराजित पराग्वे की ओर से इकलौता गोल मॉरीशियो ने दूसरे हाफ में दागा। अमेरिका ने शानदार फुटबॉल की बानगी पेश कर अपने प्रशंसकों को प्रसन्न कर दिया। अमेरिका की टीम 4-2-3-1 की शैली और पराग्वे की 4-4-2 से खेली।
मेहमान पराग्वे के एंटोनियो सनाब्रिया ने मैच के शुरू होते ही अमेरिका के गोल में घुस कर दनदनाता शॉट जमाया लेकिन अमेरिका के गोलरक्षक कैट परेरा ने मुस्तैदी दिखा इसे रोक कर अपनी टीम को पिछड़ने से बचा लिया। इसके बाद अमेरिका ने पीछे मुड़कर नहीं देखा। अपने उस्ताद मॉरिशियो पाशेटो के मार्गदर्शन में सातवें मिनट में बढ़त ले ली। अमेरिका के स्ट्राइकर क्रिश्चियन पुलिशिच ने वेस्टन मैकेनी से बाएं से बढ़ाई गेंद पर पराग्वे की रक्षापंक्ति के दो खिलाड़ियों को गच्चा दिया गेंद को गोल में डालने की कोशिश लेकिन लेकिन पराग्वे के फुलबैक डैमियन बोबाडिला इसे रोकने की हड़बड़ी में मैच के सातवें मिनट में खुद अपने ही गोल में डाल बैठे और उनके इस आत्मघाती गोल से पेराग्वे की टीम 0-1 से पिछड़ गई।
पराग्वे की टीम इससे उबर नहीं पाई। अमेरिका ने अपने हमले जारी रखे और मैच के वें 26 वें मिनट में सर्जिनो डेस्ट गोल करने के करीब पहुंच चूके स्ट्राइकर फ्लोरियन बालोगन ने गेंद को गोल में डाल लेकिन रेफरी ने उन्हें ऑफ साइड देकर यह गोल अमान्य कर दिया और अमेरिका अपनी बढ़त बढ़ाने में नाकाम रहा। बराबर हमले बोलने वाले फ्लोरियन बालोगन ने अंतत: मैच के 31 वें मिनट में बाएं से क्रिश्चियन पुलिशिच के पास पर मैच का अपना पहला गोल कर अमेरिका की बढ़त 2-0 कर दी।
मोनाको से खेलने पर फ्लोरियन बालोगन ने पहले हाफ के इंजुरी टाइम में मलिक टिलमैन से मिली गेंद पर दनदनाता शाट जमा पेराग्वे के गोलरक्षक ओमर गिल को बॉक्स के भीतर छका अपना मैच का दूसरा गोल कर अमेरिका को 3-0 से आगे कर दिया। पराग्वे ने आत्मघाती गोल करने वाले डिफेंडर बोबाडिला की जगह दूसरे हाफ में आक्रामक मिडफील्डर मॉरिशियो को उतार कर गोल कर मैच में वापसी की कोशिश की। मॉरिशियो के मैदान पर आने से पराग्वे के हमलो ने रफ्तार पकड़ी। पराग्वे के जूलियो एनशियो के अचूक पास पर मैच के 73 वें मिनट मॉरिशियो ने दनदनाता शॉट जमा गोल कर स्कोर 1-3 कर दिया। पराग्वे के इस गोल से अमेरिका की टीम भी पूरी तरह जाग गई। मिडफील्डर मलिक टिलमैन ने झिझक के साथ शॉट लगाया जिसे पराग्वे के गोलरक्षक गिल ने आसानी से रोक लिया। जियोवनी रेना ने इंजुरी टाइम में लंबी दूरी से अचूक शॉट जमा गोल कर सह मेजबान अमेरिका को 4-1 से आसानी से मैच जिता कर पूरे तीन अंक दिलाए।
‘हम इसी तरह बड़ी जीत से शुरुआत करना चाहते थे’
‘अमेरिका की विश्व कप फुटबॉल टूर्नामेंट में कप्तानी करना बड़े सम्मान की बात है। हमारी टीम ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए बहुत मेहनत की है। हमारी टीम की पराग्वे के खिलाफ 4-1 की दमदार जीत के साथ पूरे तीन अंक हासिल किए। हम इसी तरह बड़ी जीत के साथ शुरुआत करना चाहते थे। इस शानदार प्रदर्शन के लिए मैं अपनी पूरी अमेरिकी टीम को सलाम करता हूं। हमारी लिए यह एक शानदार रात थी। – टिम रीम, अमेरिका के कप्तान
‘यह जीत हमारी टीम की जुगलबंदी को दर्शाती है’
‘ पराग्वे पर विश्व कप फुटबॉल टूर्नामेंट में पहले ही मैच में मिली जीत ने हमें बढ़िया स्थिति में पहुंचा दिया। यह जीत हमारी अमेरिकी टीम की आपस की बेहतरीन जुगलबंदी को दर्शाती है। अब हम ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपने सकारात्मक सोच अगले मैच के लिए पूरी तैयार हैं। अपने घर में विश्व कप फुटबॉल में बढ़िया माहौल में आगाज करना गजब का रहा। — रिकार्डो पेपी, अमेरिकी स्ट्राइकर





