रविवार दिल्ली नेटवर्क
नई दिल्ली : वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक योगेश कुमार गोयल की शोधपरक पुस्तक ‘सागर से अंतरिक्ष तक: भारत की रक्षा क्रांति’ का भव्य लोकार्पण 28 जून को नई दिल्ली स्थित राउज एवेन्यू के अंजुमन तरक्की उर्दू हिंद सभागार में आयोजित समारोह में किया गया। गैर-राजनीतिक संस्था नेशनल अकाली दल द्वारा आयोजित इस गरिमामय कार्यक्रम में देश के विभिन्न क्षेत्रों से आए सैंकड़ों गणमान्य व्यक्तियों, मीडियाकर्मियों, शिक्षाविदों, चिकित्सकों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सहभागिता की। स्वतंत्र भारत की रक्षा यात्रा को समर्पित 300 पृष्ठों की यह पुस्तक देश की सैन्य शक्ति, रणनीतिक आत्मनिर्भरता, रक्षा तकनीक के तीव्र विकास तथा आधुनिक सुरक्षा ढ़ांचे का व्यापक एवं शोधपरक विश्लेषण प्रस्तुत करती है। विशेष रूप से ‘आत्मनिर्भर भारत’ के परिप्रेक्ष्य में भारतीय रक्षा क्षेत्र की उपलब्धियों, चुनौतियों और भविष्य की संभावनाओं को नए दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने वाली यह कृति राष्ट्रीय सुरक्षा विषयक साहित्य में एक महत्वपूर्ण योगदान मानी जा रही है। इस पुस्तक के प्रकाशन हेतु हिन्दी अकादमी दिल्ली द्वारा योगेश गोयल को 25 हजार रुपये की राशि प्रदान की जा चुकी है।
समारोह के दौरान इसी पुस्तक के लिए योगेश कुमार गोयल को ‘देश-रत्न पुरस्कार’ से भी सम्मानित किया गया। यह सम्मान संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष परमजीत सिंह पम्मा ने उत्तर प्रदेश सरकार की पूर्व कैबिनेट मंत्री सूजन आनंद, इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल के वरिष्ठ न्यूरोसर्जन डॉ. आदित्य भाटी, कालरा अस्पताल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. आर.एन. कालरा, नेशनल अकाली दल महिला विंग की राष्ट्रीय अध्यक्ष भावना धवन, राष्ट्रीय सचिव विक्रांत मोहन, फेडरेशन ऑफ सदर बाजार ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश यादव तथा निजामी चेरिटेबल ट्रस्ट के चेयरमैन डॉ. मोहम्मद अली निजामी की गरिमामयी उपस्थिति में प्रदान किया। 36 वर्षों के सुदीर्घ पत्रकारिता अनुभव से समृद्ध योगेश कुमार गोयल पर्यावरण, वन्यजीवन, राष्ट्रीय सुरक्षा, सामाजिक सरोकारों तथा नशामुक्ति जैसे विषयों पर कई चर्चित एवं शोधपरक पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं। उनकी कई कृतियों को हिन्दी अकादमी, दिल्ली तथा हरियाणा साहित्य अकादमी का आर्थिक सहयोग प्राप्त हो चुका है।





