राजस्थान में विधायी गौरव यात्रा पूर्व और वर्तमान विधायकों के ऐतिहासिक समागम की सर्वत्र सराहना

The historic gathering of former and current MLAs during the 'Vidhayi Gaurav Yatra' in Rajasthan is being widely appreciated

  • विधायकों ने उन्हें दिए गए किट्स में संविधान की पुस्तक 1952 से अब तक के अधिनियमों की पुस्तिका पूर्व एवं वर्तमान सदस्यों की दूरभाष निर्देशिका, पर्यटन और सहकारिता विभाग से प्राप्त सामग्री आदि को शानदार उपहार बताया
  • विधानसभाध्यक्ष वासुदेव देवनानी को लगातार मिल रही बधाईयां

रविवार दिल्ली नेटवर्क

जयपुर : राजस्थान विधानसभा के 75 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर बुधवार को उपराष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन एवं लोकसभाध्यक्ष श्री ओम बिरला की गौरवमयी उपस्थिति में आयोजित अमृत महोत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम “विधायी गौरव यात्रा पूर्व और वर्तमान विधायकों के ऐतिहासिक समागम” के लिए विधानसभाध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी को प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर में व्यापक सराहना और लगातार बधाईयां एवं शुभ कामनाएं मिल रही है। लोकतांत्रिक परंपराओं को सुदृढ़ करने और संसदीय गरिमा को नई ऊंचाइयों तक ले जाने वाली इस अभिनव पहल को सभी दलों के जनप्रतिनिधियों ने एक अनूठा एवं ऐतिहासिक आयोजन बताया है।

इस आयोजन की सफलता के लिए राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी को प्रतिपक्ष के नेता श्री टीकाराम जूली, पूर्व विधानसभाध्यक्ष डॉ. सी.पी. जोशी, विधायक श्री हरिमोहन शर्मा, पूर्व विधायक संघ के अध्यक्ष श्री जीतमल चौधरी, भाजपा के मुख्य सचेतक श्री जोगेश्वर गर्ग, कांग्रेस के मुख्य सेचतक श्री रफीम खान सहित अन्य कई पूर्व एवं वर्तमान विधायकों ने संदेश भेजकर और वार्ता कर हार्दिक बधाईयां प्रेषित की है। सौ वर्ष से अधिक आयु के पूर्व विधायक पंडित श्री रामकिशन ने विधानसभाध्यक्ष श्री देवनानी से वार्ता कर उन्हें कोटिशः बधाई दी और ऐसे कार्यक्रम बार-बार आयोजित करने का आग्रह किया। साथ ही संवैधानिक पदों पर आसीन गणमान्य व्यक्तियों, वर्तमान एवं पूर्व जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, बुद्धिजीवियों तथा आम नागरिकों ने इसे लोकतंत्र को सशक्त बनाने वाली दूरदर्शी पहल बताया है। शुभकामना संदेशों में कहा गया है कि विधानसभा अध्यक्ष श्री देवनानी के नेतृत्व में राजस्थान विधानसभा ने पिछले समय में कई नवाचार किए हैं। विधायी गौरव यात्रा और पूर्व-वर्तमान विधायकों का यह मिलन उसी श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी है, जिसने विधानसभा की गौरवशाली विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का प्रभावी कार्य किया है।

विधान सभा के वर्तमान 200 विधायकों एवं पूर्व 495 विधायकों ने उन्हें, दिए गए ट्रॉली बैग किट्स में संविधान की पुस्तक, 1952 से अब तक के अधिनियमों की पुस्तिका, पूर्व एवं वर्तमान सदस्यों की दूरभाष निर्देशिका, पर्यटन और सहकारिता विभाग की और से दी गयी सामग्री में केरी वेग साहित्य, दुपट्टा आदि को सभी विधायकों ने शानदार उपहार बताया। साथ ही इस समागम को एक अभूतपूर्व आयोजन बताया तथा इच्छा जाहिर की गयी कि विधानसभाध्यक्ष ऐसे आयोजन बार-बार आयोजित कर सभी को एक मंच पर आने और आत्मीय मिलन का अवसर देंगे। विभिन्न राजनीतिक दलों के वर्तमान एवं पूर्व विधायकों ने लोकतांत्रिक मूल्यों, संसदीय परंपराओं और जनसेवा के साझा संकल्प को दोहराते हुए कहा कि वर्षों बाद अनेक पूर्व विधायक एक-दूसरे से मिले, पुरानी संसदीय स्मृतियों ताजा हुई और नई पीढ़ी के जनप्रतिनिधियों को वरिष्ठ विधायकों के अनुभवों से सीखने का अवसर मिला।

अनेक पूर्व एवं वर्तमान विधायकों ने कहा कि राजस्थान विधानसभा के इतिहास में पहली बार इस प्रकार का व्यापक और आत्मीय समागम आयोजित हुआ, जिसने राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर लोकतांत्रिक परिवार की भावना को मजबूत किया है। वर्तमान विधायकों ने भी इसे संसदीय परंपराओं को समझने और वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों के अनुभवों से प्रेरणा लेने का महत्वपूर्ण अवसर बताया।

जनप्रतिनिधियों ने विश्वास व्यक्त किया है कि ऐसे आयोजन लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति जनविश्वास को और अधिक मजबूत करेंगे तथा संसदीय मर्यादाओं और लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।