कमला मार्केट थाने का रिश्वतखोर हवलदार गिरफ्तार

Bribe-taking constable of Kamala Market police station arrested

इंद्र वशिष्ठ

दिल्ली पुलिस में भ्रष्टाचार थमने का नाम नहीं ले रहा। निरंकुश और बेखौफ पुलिसकर्मियों द्वारा जमकर लूट/वसूली/ रिश्वतखोरी की जा रही है। दिल्ली पुलिस की विजिलेंस यूनिट ने मध्य जिले के कमला मार्केट थाने में तैनात हवलदार अंकुश धामा को अजमेरी गेट निवासी शिकायतकर्ता से 20 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। हवलदार अंकुश धामा ने जेल भेजने की धमकी देकर डेढ़ लाख रुपये रिश्वत मांगी थी।शिकायतकर्ता का अपने एक रिश्तेदार से झगड़ा हुआ था। दोनों पक्ष शिकायत दर्ज कराने के लिए कमला मार्केट थाने गए। हवलदार अंकुश धामा ने अस्पताल में दोनों की चिकित्सा जांच रकरवाई। इस दौरान उनके एक परिचित के हस्तक्षेप से, दोनों पक्षों ने समझौता कर लिया। हालांकि मामला सौहार्दपूर्ण ढंग से सुलझ गया था। लेकिन हवलदार अंकुश धामा ने शिकायतकर्ता को जेल भेजने की धमकी दी और उसे जेल न भेजने के बदले 1.5 लाख रुपये की मांग की। बातचीत के बाद यह राशि 1 लाख रुपये हो गई। शिकायतकर्ता ने हवलदार अंकुश धामा को उसी दिन 50 हजार रुपये दिए और 20 हज़ार रुपये बाद में भी दिए। इसके बावजूद, हवलदार अंकुश धामा ने शिकायतकर्ता पर शेष राशि का भुगतान करने के लिए दबाव डालना जारी रखा। शिकायतकर्ता ने हवलदार से हुई बातचीत को ऑडियो रिकॉर्ड कर लिया और विजिलेंस यूनिट में शिकायत कर दी।

25 मई की शाम को विजिलेंस यूनिट ने कमला मार्केट थाने के पुलिस बूथ में हवलदार अंकुश धामा को शिकायतकर्ता से 20 हजार रुपये लेते गिरफ्तार कर लिया‌‌‌।

लुटेरे पुलिस वाले –
मध्य जिले के ही देश बंधु गुप्ता रोड थाने के सब-इंस्पेक्टर महावीर और सिपाही विक्की को यूपी के जालौन निवासी व्यापारी दीपक सोनी से आठ लाख 40 हजार रुपये लूटने के मामले में 30 मार्च को गिरफ्तार किया गया।

24 मार्च की वारदात है। यूपी के जालौन निवासी दीपक दस ला रुपये लेकरकरोल बाग में जेवर खरीदने आए थे। पुलिसकर्मियों ने उनके नोटों को नकली बता कर उनसे, 8.40 लूट लिए। दीपक ने अगले दिन डीसीपी से शिकायत की।